कांग्रेस और लव जिहाद का पुराना रिश्ता विवेक शर्मा
डेली पब्लिक लाइव न्यूज़ (सोलन )
16 जून। हिमाचल प्रदेश में विशेष समुदाय द्वारा हिमाचल की लड़कियों व नाबालिक लड़कियों को लव जिहाद के नाम पर टारगेट करने पर विवेक शर्मा ने कहा कि लव जिहाद और कांग्रेस का पुराना रिश्ता है।
भारत का पहला लव जिहाद कांग्रेस में ही हुआ था जिसे बाद में बापू ने आधुनिकता और सहिष्णुता (टोलरेंस) वाद के नाम के साथ अपना नाम देकर अमर कर दिया और तुष्टिकरण की नींव रखी थी
लेकिन वह दंश व पीड़ा आज भी भारत में जख्म हरे करती है
और प्रशासन उन जख्मों पर नमक छिड़कने का काम करता है।
ऐसा ही मामला सिरमौर स्थित पोंटा साहब विधानसभा के माजरा क्षेत्र के प्रदुनी गाव में 4 जून 2025 को नाबालिक लड़की के अपहरण के समय देखने को आया है। जब एक विशेष समुदाय का युवक नाबालिक को लेकर फरार हो लिया । अभिभावकों की शिकायत के पश्चात पहले प्रशासन हरकत में नहीं आया विरोध और आंदोलन के पश्चात जब हरकत में आया तो प्रशासन अपना मानसिक संतुलन खो बैठा।
मानसिक संतुलन के असंतुलन होने का एक वीडियो एसडीएम पोंटा साहिब गुजित सिंह चीमा का सार्वजनिक रूप से सामने आया हैं। जिसमें वह हाथ में डंडा लिए अभद्र गालियां देते दिख रहे हैं बाद में अपनी सुरक्षा का हवाला दे रहे थे। जबकि स्पष्टीकरण तो प्रदेश सरकार को देना होगा । पटियाला के किसी नेता के दबाव में हाई कोर्ट के आदेशों का उल्लंघन करते हुए गुजित सिंह चीमा का तबादला काजा से पोंटा साहेब हो गया और वह किसके इशारे पर भाजपा के वरिष्ठ नेताओं के ऊपर हत्या जैसे संगीन अपराध के मुकदमे दर्ज कर रहे हैं।
जबकि ऐसा ही वीडियो तो 28 अगस्त 2021 को हरियाणा के बसताडा टोल प्लाजा करनाल के किसान आंदोलन के मध्य
SDM आयुष सिन्हा का भी वायरल हुआ था जिन्हें तुरंत पद से हटाकर उनके स्थान पर गौरव कुमार को एसडीएम नियुक्त किया गया था।
वीडियो सामने आने के पश्चात तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने इन्हें तुरंत उनके पद से हटा दिया था और ज्यूडिशल एंक्वायरी मारक कर दी थी
उनके असंवेदनशील व्यवहार के लिए। उस समय पूरी हरियाणा कांग्रेस और विपक्षी पार्टियों के कार्यकर्ताओं ने अवमानविय आचरण का हवाला देकर तूफान खड़ा किया था।
क्या पांवटा साहिब के एसडीएम का आचरण और व्यवहार उससे भिन्न है कांग्रेस को बताना चाहिए।
क्या व्यवस्था परिवर्तन के खाली बर्तन के कानों में कुछ आवाज जाएगी।
क्या कांग्रेस सरकार ने लव जेहाद हो या नाबालिक अपहरण हो प्रदेश में संरक्षण दिया हूआ है वह अपनी उपलब्धि मान लिया है। जो अभी तक एसडीएम पोंटा साहब पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। जबकि यह बिल्कुल करनाल टोल प्लाजा से मिलता हुआ मामला है।
लेकिन जनता की आवाज विधानसभा में भी जाएगी और न्यायालय में भी ।
प्रदेश की बिगड़ती कानून व्यवस्था और प्रशासनिक अधिकारियों के आचरण पर भारतीय जनता पार्टी एसडीएम पांवटा साहिब को उनके पद से हटाने की मांग करती है
और जब तक ज्यूडिशल इंक्वारी ना हो उन्हें किसी भी संवेदनशील पद पर ना बिठाया जाए ।प्रदेश सरकार सुनिश्चित करें और इस पूरे प्रकरण को एसडीएम की ACR में दर्ज करें यह डिमांड करती है। ताकि अन्य अधिकारियों को अपनी जिम्मेदारी का एहसास हो।

