राजस्व मामलों के समयबद्ध निस्तारण को सर्वोच्च प्राथमिकता दें: उपायुक्त
डेली पब्लिक लाइव न्यूज़ (बिलासपुर ) 29 जुलाई। जिला मुख्यालय स्थित बचत भवन में बुधवार को जिला स्तरीय राजस्व अधिकारियों की समीक्षा बैठक का आयोजन उपायुक्त बिलासपुर राहुल कुमार की अध्यक्षता में किया गया। बैठक में अतिरिक्त उपायुक्त रुपिंदर कौर, जिले के सभी उपमंडलाधिकारी, तहसीलदार, नायब तहसीलदार एवं अन्य राजस्व अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में उपायुक्त राहुल कुमार ने जिले में राजस्व विभाग से संबंधित लंबित मामलों की उपमंडल वार समीक्षा करते हुए अधिकारियों को निर्देश दिए कि राजस्व मामलों के समयबद्ध निस्तारण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार की मंशा है कि आम नागरिकों को राजस्व सेवाएं सरल, पारदर्शी एवं निर्धारित समयसीमा के भीतर उपलब्ध हों, इसलिए प्रत्येक अधिकारी अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन पूरी गंभीरता एवं जवाबदेही के साथ सुनिश्चित करें।
उन्होंने निर्देश दिए कि 15 सितंबर, 2026 तक निशानदेही, नामांतरण, बंटवारा तथा अन्य लंबित राजस्व मामलों का प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण किया जाए। विशेष रूप से छह माह एवं एक वर्ष से अधिक समय से लंबित नामांतरण एवं बंटवारा के मामलों को विशेष राजस्व लोक अदालतों के माध्यम से शीघ्र निपटाने के निर्देश दिए, ताकि लोगों को लंबे समय से लंबित मामलों में राहत मिल सके।
उपायुक्त ने कहा कि राजस्व न्यायालयों में वर्षों से लंबित मामलों के निस्तारण में तेजी लाई जाए तथा प्रत्येक प्रकरण की नियमित समीक्षा कर उसकी प्रगति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी राजस्व मामले को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए और सभी मामलों का गुणवत्तापूर्ण एवं निष्पक्ष निस्तारण किया जाए।
उन्होंने सरकारी भूमि, चरागाहों एवं सार्वजनिक रास्तों पर किए गए अतिक्रमणों के विरुद्ध प्रभावी अभियान चलाने के निर्देश देते हुए कहा कि सरकारी संपत्ति की सुरक्षा प्रशासन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। ऐसे मामलों में नियमानुसार त्वरित कार्रवाई कर अवैध कब्जों को हटाया जाए तथा भविष्य में अतिक्रमण की पुनरावृत्ति रोकने के लिए नियमित निगरानी रखी जाए।
उपायुक्त राहुल कुमार ने कहा कि राजस्व विभाग सीधे तौर पर आम नागरिकों से जुड़ा हुआ है। इसलिए अधिकारियों का दायित्व है कि वे लोगों की समस्याओं के प्रति संवेदनशील रहें, शिकायतों का त्वरित समाधान करें तथा राजस्व सेवाओं को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जनोन्मुखी बनाएं। उन्होंने सभी एसडीएम, तहसीलदार एवं नायब तहसीलदारों को अपने-अपने क्षेत्रों में लंबित मामलों की नियमित समीक्षा करने तथा निर्धारित समय सीमा के भीतर लक्ष्यों की शत-प्रतिशत पूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में विभिन्न उपमंडलों में लंबित निशानदेही, नामांतरण, बंटवारा, राजस्व न्यायालयों के प्रकरणों, विशेष राजस्व लोक अदालतों की प्रगति तथा सरकारी भूमि एवं सार्वजनिक रास्तों से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की समीक्षा की गई। इस दौरान लंबित मामलों के त्वरित एवं प्रभावी निस्तारण के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए।


